आप सड़क पर कितना गंदा खेल सकते हैं क्या एसआरएच को जितना गंदा खेल सकते हैं वेल नहीं खेल सकते और यही वजह है कि एसआरएच चाइनीस माल बन गई है मतलब सड़क वाली पिच थी मुंबई की वानखेड़े मैदान और उस मैदान पर ऐसे बिहेव किया एसआरएच वालों ने कि मानो पर्थ की विकेट है हैरान करने वाली कहानी थी
यार मतलब ट्रेविस हेड दो-दो जीवन दान पाए आउट हुए नो बॉल हो गई फिर कैच पकड़ा गया फ्री हिट थी और उसके बाद जनाब 29 गेंदों पर 28 बनाते हैं नितीश रेड्डी 21 गेंदों पर 19 रन बनाते हैं 90 के स्ट्राइक रेट से लगभग चार ओवर खेलने के बाद नतीजा क्या होगा
नतीजा वही होगा जो इस मैच में हुआ है और मुंबई इंडियंस ने इस मैच को जीत लिया है बैक टू बैक दूसरी जीत है दिल्ली के सामने मुंबई ने जो मोमेंटम पकड़ा था 12 रनों से जीतकर उस मोमेंटम को कंटिन्यू किया और बताया कि ये वही मुंबई इंडियंस है जो पुराने जमाने में थी वो मुंबई इंडियंस जो शुरुआत में हारती थी फिर एक मैच में कुछ सरप्राइजिंग होता था और उसके बाद मुंबई वक्त बदलती थी जज्बात बदलती थी
हालात बदलती थी और इस मैच में मुंबई ने वही किया एक्चुअली में वक्त जज्बात हालात सब बदल दिए ये बताया कि अगर आप मुंबई इंडियंस को इतना मौका दे दोगे टूर्नामेंट में वापस आने का तो वो भटक कर आप पर चढ़ जाएगी और मॉन्सर बन जाएगी और यही मुंबई ने किया नंबर वन टीम दिल्ली को पिछली बार हराया था
और इस मैच में उस हैदराबाद को हराया है जिसने 245 रन पंजाब के सामने बनाए थे लेकिन वो एसआरए जिसने 245 पंजाब के सामने बनाए थे वो मुंबई के सामने भीगी बिल्ली बन गई मतलब ऐसा लग रहा था कि बैटिंग करना भूल गए बुमराह के सामने चार ओवर में 21 रन बोल्ट के सामने चार ओवर में 29 रन विल जैक्स के सामने तीन ओवर में 14 रन दो विकेट मतलब ऐसा लगा कि समझ ही नहीं आ रहा उन्हें क्या हो रहा है ये मुंबई के सामने हैदराबाद पूरी तरह बेखबर है
ना उन्हें शुरुआत में दीपक चहर समझ में आए ना उन्हें हार्दिक पांड्या समझ में आए ना उन्हें बुमराह समझ में आए ना उन्हें बोल्ड समझ में आए नतीजा यह रहा कि गंदे से गंदा खेलते खेलते खेलते खेलते एसआरएच ने यह मैच गवा दिया वैसे एसआरएच ट्रूली डिर्व किए मैच वो हारते आप खुद सोचो यार ट्रेविस हेड ने पांच ओवर बल्लेबाजी की है
और 28 रन बनाए मुझे नहीं याद है कि आखिरी बार ट्रेविस हेड ने 30 गेंद खेलने के बाद 90 के स्ट्राइक रेट से टी20 में कब रन बनाए थे इससे तेज ट्रेविस टुल्ला बॉर्डर गवास्कर सीरीज में खेल रहा था सेम कहानी नितीश रेड्डी की नितीश रेड्डी इससे तेज बॉर्डर गवास्कर सीरीज में खेले नितीश रेड्डी तो ऐसा लगता है खेलना ही भूल गए हैं
बल्लेबाजी जो है वह उनको खत्म हो गई है क्लासन अगेन उनकी भी यही कहानी थी रन बॉल खेल रहे थे मतलब 17 ओवर में एसआरएच के 113 रन थे वो तो भला हो आखिर में क्लासन का उसके बाद थोड़ा सा अनिकेत वर्मा और कमिंस का कि दो एक दो मार के 162 पहुंचा दिए
वरना इस मैच में लड़ने लायक कुछ था ही नहीं खत्म कर दिया था मैच और उस खत्म करने का असर है कि मुंबई इंडियंस ने इस सीजन की तीसरी विन जो है वो दर्ज की है और एसआरएच उन फुसकी टीमों में पहुंच गई है जो पांच मैच हार चुके हैं मुझे लगता है कि
एसआरएच अब बहुत मुश्किल है यहां से कमबैक करना चाहे वो चेन्नई सुपर किंग्स हो चाहे वो एसआरएच हो इन टीमों का बहुत मुश्किल हो गया
यहां से कमबैक करना या फिर राजस्थान रॉयल्स ये तीन टीमें अगर इनमें से कोई कमबैक करता है और टूर्नामेंट में अच्छा करता है तो अब वो चमत्कार होगा क्योंकि सनराइज़र्स हैदराबाद यार एक दिन शाम तक दूसरे दिन शाम तक एक दिन 300 दूसरे दिन 150 ना बने कितनी घटिया बल्लेबाजी थी चाहे वो ट्रेविस हेड हो चाहे वो क्लासन हो नितीश रेड्डी हो ऐसा लगा बल्लेबाजी करना आता ही नहीं है
वो फिर मैं कह रहा हूं आखिरी के 18वां और 20वें ओवर में जो रन गया है 18वें में 21 रन और 20वें में 22 रन उस वजह से मैच थोड़ा सा बना मतलब आप यह सोचो कि नीतीश कुमार रेड्डी ने 21 गेंदों पर 19 रन बनाए हार्दिक पांड्या ने आठ आठ गेंदों पर 21 रन बना दिए यार मुंबई इंडियंस की आप बल्लेबाजी देखो हर एक बल्लेबाज ने मोमेंटम बनाया आप स्ट्राइक रेट अगर देखेंगे रोहित शर्मा ने थोड़ी पारी खेली 16 पे 26 स्ट्राइक रेट 162 का विल जैक्स 26 पे 36 140 का स्ट्राइक रेट ऊपर रिकल्टन थे
135 का स्ट्राइक रेट सूर्य आए 15 पे 26 173 का स्ट्राइक रेट हार्दिक पांड्या 233 का स्ट्राइक रेट जिस पिच पर मुंबई के बल्लेबाज तानाशाही कर रहे थे उस पिच पर एसआरएच के बल्लेबाज ऐसा लग रहा था घुटनों के बल रेंग रहे थे रो रहे थे रोती हुई बल्लेबाजी एसआरएच को देखकर हम माथा पकड़ रहे थे
ट्रेंट बोल्ट और जसप्रीत बुमराह ने मिलकर आठ ओवर में 50 रन दिए हैं यार क्या बेवकूफी है क्या बेवकूफी है और इसी वजह से एसआरएच वो टीम है जो अभी भी अपने घर के बाहर एक भी जीत का इंतजार कर रही है वो दिल्ली में आकर दिल्ली से हारी कोलकाता जाकर कोलकाता से हारी मुंबई जाकर मुंबई से हारी लेकिन इनाम हार्दिक पांड्या को मिला है क्योंकि हार्दिक पांड्या की टीम जो है वापस आ गई है
रोहित शर्मा बहुत बड़ा इंपैक्ट तो नहीं रहा लेकिन जितना बनाया उतना इस बात के लिए काफी था कि चलो ठीक है मोमेंटम आ रहा है वैसे भी रोहित हर मैच था बढ़ रहे हैं मतलब फ्लॉप चल रहे हैं पूरा फ्लॉप रहा है लेकिन हर मैच में रन बढ़ रहा है तो मुंबई खुश होगी कि पहले मैच में जीरो था फिर आठ था फिर 13 हुआ
फिर 17 हुआ फिर 18 पहुंचे अब 26 पहुंच गए क्या पता अगले मैच में 50 पहुंच जाए वैसे रोहित के जो हैं वो 250 पहुंच गए हैं वानखेड़े में रोहित ने 100 मार दिए और ऐसे वो पहले खिलाड़ी हो गए हैं मुंबई इंडियंस के जिन्होंने ये कारनामा किया है 250 मुंबई इंडियंस के लिए मारना और 100 वानखेड़े मारना ये अपने आप में कमाल है
पहले मुंबई खिलाड़ी जिन्होंने किया है बस लंबी पारियां वो खेलेंगे तो शायद चीजें बेहतर हो जाए यह उनके साथ एक नहीं है बट ठीक है
मुंबई के लिए रोहित शर्मा जो हैं फिलहाल हीरो बने हुए हैं और लगातार कर रहे हैं लगातार बेहतर होते जा रहे हैं अ इस मैच में बाकी सब डिसपॉइंटमेंट था यार मतलब मेरे लिए सबसे बड़ा डिसपॉइंटमेंट इस मैच में ट्रेविस हेड थे ईशान किशन थे
ईशान किशन को मौका मिला था पहले मैच में उन्होंने शतक मारा था उसके बाद भूल गए हैं बैटिंग करना ईशान को हम लोग ईशान शानदार किशन कहते थे अब ईशान फ्लॉप किशन हो गए बिल्कुल रन नहीं बनते ट्रेविस हेड मैं क्या बताऊं यार ट्रेविस हेड 69 बार ऐसा हुआ है जब 25 या उससे अधिक रन बनाए आज पहली बार था जब 25 प्लस रन बनाए हैं
और उसमें स्ट्राइक रेट 100 के नीचे का है हालांकि वो 1000 रन पूरे कर ले गए लेकिन इतना स्लो खेलना मुझे नहीं समझ में आ रहा था कि क्या दिक्कत हो रही थी और सिर्फ ट्रेविस को दिक्कत होती तो भी समझ में आता ट्रेविस हेड खेल नहीं पा रहे थे शुरू में अभिषेक शर्मा से शॉट नहीं लग रहे थे नीतीश कुमार रेड्डी इस पूरे सीजन में फ्लॉप रहे हैं
नीचे क्लासन के पहले नहीं लग रहे थे तो आई थिंक ये उनके लिए एक परेशानी का सबब है कि ऐसा क्यों हो रहा था बाकी हार्दिक पांड्या कमाल थे अनिकेत वर्मा को आप और ऊपर उतार सकते थे वो बेहतर खिलाड़ी हैं उन्हें आपने मौका दिया नहीं तो वो मामला फंसा रहा अ बाकी ये मैच कुछ खास नहीं था
मतलब मैं इस मैच से डिसपॉइंटेड हूं हैदराबाद से डिसपॉइंटेड हूं क्योंकि हैदराबाद की ब्रांड ऑफ क्रिकेट मेरी समझ से परे वो इंग्लैंड वाला हिसाब किताब हो गया कि हम एंटरटेनमेंट करने आए हैं जीतने नहीं आए एक मैच में आप एंटरटेन करते हैं 250 बना देते हैं और दूसरे मैच में आप 150 नहीं बना पाते हैं
इस ब्रांड ऑफ क्रिकेट से आप क्वालीफाई नहीं कर पाएंगे आपका भी वही हाल होगा जो इंग्लैंड का हो रहा है इंग्लैंड भी एकद मैच में एंटरटेन करती है उसके बाद वो गायब हो जाती है इस मैच में केवल पैट कमिंस थे जो कैप्टन थे वो अकेले लड़ाई लड़ रहे थे बैटिंग में मारा गेंदबाजी में विकेट निकाले विल जैक्स का निकाला
रोहित शर्मा का विकेट निकाला सूर्य कुमार यादव का विकेट निकाला कैप्टेंसी अच्छी की लेकिन अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ता और यही वजह थी कि वो यह मैच हार गए पैट कमिंस मस्ट बी वेरी डिसपॉइंटंटेड टुडे क्योंकि पैट कमिंस अच्छा कर रहे थे चार ओवर 26 रन तीन विकेट लेकिन अगर आप बाकी गेंदबाज देखोगे
तो वो उतना साथ नहीं दे पाए ईशान मलिंगा ने थोड़ा साथ दिया जीशान अंसारी महंगे रहे हर्षल पटेल महंगे रहे और महंगे ज्यादा रन ही नहीं थे यार आप सपाट पिच पर अगर आप इतने कम रन बनाओगे तो कहां से कहानी चलेगी आप मुंबई को देखो सात ओवर में 70 रन 12 ओवर चार गेंद में 121 रन यह बल्लेबाजी होती है जो शायद एसआरएच नहीं कर पाए और इसी वजह से सड़क पर टुकुर टुर रगड़ते रगड़ते वो हार गए
